मनोरंजनअक्षय तृतीया – सुनील गुप्ताnewsadminApril 20, 2026 by newsadminApril 20, 2026031 ( 1 ) शुभ मुहूर्त है अक्षय तृतीया, पुण्य का पर्व !! ( 2 ) है आखातीज स्वयं में सिद्ध तिथि, श्री फलदायी !! (...
मनोरंजनहिंदी कविता – रेखा मित्तलnewsadminApril 19, 2026 by newsadminApril 19, 2026030 धरा से क्षितिज तक मौन का फलक विस्तृत है ध्वनियों की होती हैं कुछ विशेष तरंगें जो तय कर सकती हैं, इक निश्चित दूरी परंतु…मौन’...
मनोरंजनगाँव मेरा – सविता सिंहnewsadminApril 17, 2026April 17, 2026 by newsadminApril 17, 2026April 17, 2026026 यादें आतीं जाती क्षण क्षण गुजारे दिन वह गाँव की सोंधी सी खुशबू से लिपटी ममता भरी उस छाँव की। वो दिन कितना मनभावन था...
मनोरंजनसर्दी की धूप जैसे तुम – रुचि मित्तलnewsadminApril 16, 2026 by newsadminApril 16, 2026032 कोई शोर नहीं, कोई जल्दबाज़ी नहीं बस एक धीमी, लगातार मौजूदगी जैसे सूरज की किरणें बिना पूछे, बिना शर्त चुपचाप सब कुछ छू लेती हैं...
मनोरंजनबैसाखी – राजलक्ष्मी श्रीवास्तवnewsadminApril 14, 2026 by newsadminApril 14, 2026033 बैसाखी आई; खुशियों की सौगात नई। खेतों में लहराए; सोना सी फसल। किसानों के चेहरे; खिल उठे आज। ढोल नगाड़ों की गूंज; गगन तक। भांगड़ा...
मनोरंजनजिंदगी सजा है – श्याम कुंवर भारतीnewsadminApril 13, 2026 by newsadminApril 13, 2026027 जो होना है वही होता है सब उसकी रजा है ये किसको पता है, जिंदगी मजा है या सजा है बोलो ये सब किसको पता...
मनोरंजनग़ज़ल – रीता गुलाटीnewsadminApril 12, 2026 by newsadminApril 12, 2026028 जज्बात उठे दिल मे, हम यार तुम्हारे हैं। मचले हैं बडे अरमा,देखूँ जो ऩज़ारे हैं। मकबूल भले जग मे, दिल से तो तुम्हारे हैं।...
मनोरंजनस्वयं बदलो, बदलेगी दुनिया – सुनील गुप्ताnewsadminApril 11, 2026 by newsadminApril 11, 2026031 ( 1 ) स्वयं बदलो बदलेगी दुनिया, आओ, महकालें मन की बगिया !! ( 2 ) बदलो अपनी स्वयं की चाल, छोड़ो करना, औरों...
मनोरंजनसुबह – विनीति शर्माnewsadminApril 10, 2026 by newsadminApril 10, 2026040 सुबह के इंतजार में सिमटी सी कली थी मैं… रजनी का दुशाला लिए सूरज से मिलने चली थी मैं … थी आभा मुख पर, अधरों...
मनोरंजनउम्मीद – रश्मि मृदुलिकाnewsadminApril 8, 2026 by newsadminApril 8, 2026037 एक दीप दिल में जल रहा है| फिर एक ख्वाब पल रहा है| तारों ने थककर आंखें मूंद ली है निशा में कौन जुगनूं जग...