मनोरंजनश्री गणेश (भोजपुरी भजन) – श्याम कुंवर भारतीnewsadminOctober 14, 2025 by newsadminOctober 14, 20250262 पहिला पूजनवा होखेला तोहार ये गणनायक देवता। हथिया के सूंड पावला मूस पर सवार ये गणनायक देवता। जहां जाला उन्हा सब विघ्न बाधा...
मनोरंजनसतत उद्यम करें – सुनील गुप्ताnewsadminOctober 13, 2025 by newsadminOctober 13, 20250146 ( 1 ) करें उद्यम न डरें, न ही भागें…, प्रयास करें !! ( 2 ) पुरुषार्थ से चलो भाग्य बदलें…., नसीब गढ़ें...
मनोरंजनरायबरेली काव्य रस साहित्य मंच झारखंड पर काव्य गोष्ठी संपन्नnewsadminOctober 13, 2025 by newsadminOctober 13, 20250190 neerajtimes,com – रायबरेली काव्य रस साहित्य मंच, झारखण्ड इकाई पर एक आभासी काव्य संध्या काआयोजन 12 अक्टूबर ‘2025 को किया गया। तीन घंटे से अधिक...
मनोरंजनग़ज़ल – रीता गुलाटीnewsadminOctober 12, 2025 by newsadminOctober 12, 20250150 मुहब्बत मे मेरा सब तेरा हुआ है। लगे आज दिल पर ज़फ़ा सा हुआ है। युवा आज सबका सताया हुआ है। नही काम...
मनोरंजनयौवन मारेला किलकारी – अनिरुद्ध कुमारnewsadminOctober 12, 2025 by newsadminOctober 12, 20250263 सुरभित तनमन मटकी मारे, रास रंग लागे गुनकारी। पुरुआ रह-रह के झकझोरे, यौवन मारेला किलकारी।। सतरंगी हर कोना कोना, ऋतुराजा के बा तइयारी। हरियाली...
मनोरंजनबात यह है अब यहाँ – गुरुदीन वर्माnewsadminOctober 11, 2025 by newsadminOctober 11, 20250154 बात यह है अब यहाँ, अच्छा नहीं मेरा ठहरना। समझ लिया मैंने सभी को, कोई नहीं मेरा अपना।। बात यह है अब यहाँ————————-।। लुटाये...
मनोरंजनयमराज और यमराज मित्र – कुलदीप सिंह रुहेलाnewsadminOctober 11, 2025 by newsadminOctober 11, 20250196 एक ऐसा कवि, जिसके शब्दों में झिलमिलाती है रौशनी जिनकी कविता बनती है अंधियारे में चमकती कलम की संजीवनी उसने यमराज से की दोस्ती,...
मनोरंजनगिनती की बात – प्रियंका सौरभnewsadminOctober 10, 2025 by newsadminOctober 10, 20250112 जो गिने गए, वे कुछ थे, जो न गिने गए, वे सब थे। गिनती से बाहर जो छूट गए, उनका दर्द, उनकी भूख अब...
मनोरंजनकरवा चौथ – अशोक यादवnewsadminOctober 9, 2025 by newsadminOctober 9, 20250190 सात फेरों के सातों वचन निभाऊँगी। माथे पर तेरे नाम की सिंदूर लगाऊँगी।। पति तुम मेरे लिए देवता, परमेश्वर हो, हाथों पर तेरे नाम की...
मनोरंजनगीत- जसवीर सिंह हलधरnewsadminOctober 9, 2025 by newsadminOctober 9, 20250187 मूरत को छप्पन भोग लगें, दिखता भूखा इंसान नहीं । पत्थर को माखन खिला रहे, मजदूरों का सम्मान नहीं ।। नहलाते दिन में...