राष्ट्रीय

बिहार की माटी का अनमोल कलारत्न: संघर्षों की भट्टी में तपकर कुंदन बने प्रद्युम्न कुमार

neerajtimes.com गया/बिहार (kumar sandeep) – ईश्वर द्वारा निर्मित कुछेक व्यक्तित्वों के जीवन का प्रत्येक अध्याय संघर्ष, साहस और अटूट आत्मविश्वास की एक जीवंत महागाथा होता है। बिहार के गया जिले के फतेहपुर की माटी में जन्मे युवा कलाकार श्री प्रद्युम्न कुमार एक ऐसा ही दैदीप्यमान नाम हैं। प्रद्युम्न कुमार की कला-यात्रा आज किसी औपचारिक परिचय की मोहताज नहीं है, बल्कि वह देश के उन असंख्य युवाओं के लिए प्रेरणा का एक पावन दीप है जो घोर अभावों और सीमित संसाधनों के बीच भी अपने सपनों को पलकों पर सजाने का अदम्य साहस रखते हैं।
एक साधारण शिक्षक के परिवार में जन्मे प्रद्युम्न कुमार को बचपन से ही नृत्य, संगीत और अभिनय की दैवीय सौगात मिली हुई थी। विद्यालय के वार्षिकोत्सवों से लेकर स्थानीय सांस्कृतिक मंचों तक, उन्होंने जहाँ भ…

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