मनोरंजन

योग अपनाओ,रोग भगाओ ( 21 जून – अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस) – डॉ अनमोल कुमार

सुबह की पहली किरण जब धरती चूमे,
पंछी चहकें, हवा महके नीम के फूल से,
तब बिछा दो अपनी चटाई,
लो एक गहरी सांस…
बस यही योग है, यही जीवन है।
योग क्या है?
योग न सिर्फ आसन है,
न प्राणायाम का बंधन है।
योग है –
मन को शांत करने का विज्ञान,
तन को मंदिर बनाने का विधान।

गीता में कृष्ण ने कहा –
“योगः कर्मसु कौशलम्”
काम में कुशलता ही योग है।
पतंजलि ने सूत्र दिया –
“योगश्चित्तवृत्तिनिरोधः”
मन की लहरों को थाम लेना ही योग है।

रोग भागे, योग से जागे
कमर दर्द से कराहते बाबा,
शुगर से परेशान माँ,
तनाव में डूबा बेटा,
नींद को तरसती बिटिया –
सबके लिए एक दवा – योग।

ताड़ासन– रीढ़ सीधी, आत्मविश्वास ऊँचा
भुजंगासन – कमर का दर्द, मिनटों में गायब
अनुलोम-विलोम– फेफड़े साफ, BP कंट्रोल
कपालभाति – पेट की चर्बी, धुएँ की तरह उड़े
शवासन – 10 मिनट में पूरी रात की नींद

गोली से पेट भर जाएगा,
योग से जीवन भर जाएगा।
*योग है अनमोल जी, जीवन से इसे जोड़ जी!

सुबह 20 मिनट योग =
दिन भर ऊर्जा, रात को सुकून।
न बीपी की टेंशन, न शुगर का डर,
न डॉक्टर के चक्कर, न दवा का खर्च।

संकल्प 21 जून का
आज पूरी दुनिया झुकेगी सूर्य को,
“सूर्य नमस्कार” में एक साथ।
130 करोड़ भारतीय जब
एक साथ सांस लेंगे, छोड़ेंगे –
तो धरती भी कहेगी – वाह भारत!

तो आओ शपथ लें –
रोज 20 मिनट – मोबाइल से पहले मैट पर।
परिवार संग योग – बच्चे-बुजुर्ग सब साथ।
3ऑफिस में 5 मिनट – कुर्सी योग, गर्दन योग।
गाँव-गाँव योग– खेत की मेड़ पर भी योग।
नशा छोड़ो, योग जोड़ो – गुटखा नहीं, गहरी सांस।

अंतिम संदेश –
कोरोना ने सिखाया –
इम्युनिटी ही सबसे बड़ा हथियार है।
और इम्युनिटी की फैक्ट्री है – योग

पैसा कमाना है कमाओ,
पर सेहत गंवाकर क्या पाओगे?
योग करो, निरोग रहो,
तभी तो कह पाओगे –
“स्वस्थ भारत, समर्थ भारत”

सबको योग दिवस की शुभकामनाएँ!
करो योग, रहो निरोग
– डॉ अनमोल कुमार, मोकामा, पटना, बिहार

Related posts

मेरी कलम से – डा० क्षमा कौशिक

newsadmin

भाव्या फाउंडेशन ने डॉ सुषमा खरे को किया सम्मानित

newsadmin

प्रदूषण की समस्या का निदान वृक्षारोपण से ही सम्भव है – वी.स. सक्सेना

newsadmin

Leave a Comment