( 1 ) छायी चहुँओर है
नवरात्रि की छटा !
खेलें सब मिलके..,
डांडिया और गरबा !!
( 2 ) माँ के नवरुप
शक्ति की महिमा !
नाचें भक्त खेलते..,
सारा जन-मन झूमा !!
( 3 ) दुर्गा की भक्ति
लोक संस्कृति मिलन !
सम्पूर्ण माहौल में….,
छाए हैं अद्भुत रंग !!
( 4 ) ढोल थाप पर
पहने चनिया-चोली !
डांडिया छड़ी घुमाते..,
थिरके नर-नारी !!
( 5 ) तारा विन श्याम
ढोली ढोल बाजे !
लेकर राधा नाम..,
पंखिड़ा उडी जाजे !!
– सुनील गुप्ता
जयपुर,राजस्थान |