मनोरंजन

रक्षाबंधन  – सुनील गुप्ता

नेह

प्रेम के

रेशमी धागों से

सजाई बहना ने कलाई !

लग जाए उम्र मेरी तुझको..,

यही चाहत प्रभु से करे भाई  !!1!!

 

देह

नातों के

इन संबंधों से

उम्रभर अच्छे संग बिताई  !

लगी नज़र पवित्र रिश्ते को..,

कुछ सालों से रही सूनी कलाई !!2!!

 

स्नेह

सागर के

बंध न टूटे

मधुर स्मृतियाँ कौंध आई !

याद करते उन लम्हों को..,

रक्षाबंधन पर्व प्रेम खुशी संग मनाई !!3!!

– सुनील गुप्ता, जयपुर,राजस्थान |

 

Related posts

कुमार संदीप की दूसरी किताब “लक्ष्य” भी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध

newsadmin

दोहे – स्वाति शर्मा

newsadmin

महंगे होते माथे के बाल, लोकतंत्र में हुआ कमाल (व्यंग्य) – पंकज शर्मा तरुण

newsadmin

Leave a Comment