मनोरंजन

प्रेरणा – डॉ गुंडाल विजय कुमार

हिंदी भाषा की पहचान है प्रेरणा,

हिंदी प्रेमियों की शान है प्रेरणा।

 

कवियों की जान है प्रेरणा,

हिंदी भाषा की ज्ञान है प्रेरणा।

 

साहित्य साधकों का सम्मान है प्रेरणा,

नव इतिहास बनाने का अरमान है प्रेरणा।

 

कवियों का मन दर्पण है प्रेरणा,

हिंदी प्रचार प्रसार की ज्योति है प्रेरणा।

 

एक सामूहिक प्रयास है प्रेरणा,

राष्ट्रभाषा का जन अभियान है प्रेरणा।

-डॉ गुंडाल विजय कुमार, हैदराबाद, तेलंगाना

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