मनोरंजन

उड़ने दो – राजीव डोगरा

मत बांधो

इन नन्हीं चिड़ियो को,

खुले नील गगन में

उड़ने दो।

नन्हे-नन्हे पंखों से,

सहसा इनको भी तो

उड़ान भरने दो।

लड़की हुई तो क्या हुआ,

इनको भी तो

अपना नाम

रोशन करने दो।

खुद योनि का भेद कर,

पहला यौन शोषण

तुम  ही करते हो।

लड़की-लड़की बोल कर,

लिंग भेद भी

पहले तुम ही करते हो।

मत समझो

इनको कमजोर,

इनके सीने में

दुर्गा रहती है,

इनकी रगों में

काली बहती है,

इनको भी सहसा

हब्सियों का

सीना फाड़ कर

अपने अनुकूल जीने दो।

– राजीव डोगरा

पता-गांव जनयानकड़

कांगड़ा हिमाचल प्रदेश

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