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छठ के बरतिया – श्याम कुमार भारती

के करिहें छठ के बरतिया

के होइहे बरत सहइया

के हो बनइहे मईया के ठेकुआ

जियरा घबराए बड़ा मोर।

 

सासु जी करिहें छठी के बरतिया

ननदों होइहे बरत सहइया

जेठानी बनइहे मईया के ठेकुआ

जियरा घबराये बड़ा मोर।

 

के हो लिअईहे गइया के दुधवा

के करवाई गेहुंआ पिसवइया

के हो लिआई उखिया के डहगिया

जियरा घबराये बड़ा मोर।

 

सइयां जी लिअईहे गईया के दुधवा

देवर जी करवइहे गेहुंआ पिसवइया

जेठजी लिअईहे उखिया डहांगिया

जीयरा घबराये बड़ा मोर।

 

के हो लिअईहे केरवा घवदीया

के लेआई सुपवा दउरवा

के हो लिआई सड़िया पियरिया

जियरा घबराये बड़ा मोर।

 

बलका हो लिअइहे केरवा घवदीया

बिटिया लेअईहे सुपवा दउरवा

ससुर जी लिअईहे सड़िया पियरिया

जीयरा घबराये बड़ा मोर।

– श्याम कुंवर भारती ( राजभर)

बोकारो, झारखंड , मॉब.9955509286

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