मनोरंजन

कह के रहेंगे – सुनील गुप्ता

 

( 1 ) जय मराठी

जय महाराष्ट्र रे..,

हिंदी मनसे !!

 

( 2 ) भूल शत्रुता

एक मंच पे आए..,

हाथ मिलाए !!

 

( 3 ) काहे की जय

गाथा अपनी गाते..,

भाव दिखाते !!

 

( 4 ) दोनों भाईश्री

फडणवीस पर..,

खीस निकालें  !!

 

( 5 ) ये राजनीती

देश नीति भुलाए..,

स्वार्थी बनाए !!

– सुनील गुप्ता (सुनीलानंद), जयपुर, राजस्थान

Related posts

ग़ज़ल – विनोद निराश

newsadmin

बिहार में जातिगत जनगणना पर मुखर राहुल गांधी ने बढ़ायी तेजस्वी की मुश्किलें – कुमार कृष्णन

newsadmin

शोक सभा में साहित्यकार (व्यंग्य) –  डॉ. सुधाकर आशावादी 

newsadmin

Leave a Comment